लोगों में नुक्स निकालने से बेहतर है उनकी खूबियों की बात करें

 आज हम हर बात में खामी निकाल लेते हैं। ये ऐसा क्यों नहीं हुआ वो ऐसा होना चाहिए था। ऐसा करने से चीजें ठीक होने की बजाय और खराब हो जाती है। इसलिए परिस्थितियों के मुताबिक बात करें। अगर आपको लग रहा है कि उस चीज में कमी है तो उसे सुधारने का प्रयास करें और सामने वाले के सामने अपनी बात इस तरह रखे  कि उसे बुरा भी लगे और वह अगली बार उससे अच्छा काम कर पाएं। नुक्स निकालने से आप सिर्फ निगेटिव एनर्जी ही क्रिएट करते हैं और सामने वाले के साथ-साथ आपका भी पूरा दिन खराब हो जाता है। कई बार हम देखते हैं कि कोई महिला बहुत अच्छा खाना बनाती है लेकिन परिवार के ही सदस्य उसमें कई खामियां निकालते हैं। जो औरत पूरा दिन किचन में मेहनत कर घरवालों के लिए स्वादिष्ट भोजन बनाती है उसकी कोई कदर नहीं होती। उसे इस बात की कोई उम्मीद नहीं होती कि कोई उसकी सराहना करें लेकिन जब कोई उसमें नुक्स निकालता है तो उसे बहुत तकलीफ पहुंचती है। जब बाहर वाले कमियां निकालें तब उसका मन नहीं दुखता लेकिन घर वालों की बातों से उसे बहुत ठेंस पहुंचती है। आफिस में भी काम करते वक्त अक्सर बॉस अपने एम्लॉय की छोटी-छोटी बातों में कमी निकालता है। कमी निकालने की बजाय अगर वो ये बताए कि उस काम को ठीक तरीके से कैसे किया जाए तो चीजें बेहतर हो सकती है। आज हम इन छोटी-छोटी बातों को ही नहीं समझ पाते और सिर्फ हमें पसंद नहीं इसलिए औरों में नुक्स निकालने लगते हैं। लेकिन हम एक बार भी ये नहीं सोचते की जरूरी नहीं की जो आपको पसंद हो वह औरों को भी पसंद हो। तिल का ताड़ बनाने से कुछ नहीं होता। नुक्स निकालने से बात बिगड़ ही जाती है। लोगों की कमियां निकालने से बेहतर हैं,हम उन्हें कुछ अच्छा करने के लिए प्रोत्साहित करें। हर व्यक्ति में कमियों के साथ कुछ खूबियां भी होती है। उनकी खूबियों को नजरअंदाज न करें।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.